पश्चिम बंगाल में डबल इंजन की सरकार बनने के बाद आम जनता पर बोझ बढ़ता ही जा रहा है। अगर भाजपा सरकार की नींद नहीं खुली, तो इससे भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
जन समाचार मंच
पश्चिम बंगाल में डबल इंजन की सरकार बनने के बाद आम जनता पर बोझ बढ़ता ही जा रहा है। अगर भाजपा सरकार की नींद नहीं खुली, तो इससे भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।


पश्चिम बंगाल :- पेट्रोल-डीजल सहित रसोई गैस की बढ़ती कीमतों के विरोध में रानीगंज कोयलांचल में एक जुलूस निकाली गई। रविवार शाम को पोस्ट ऑफिस मैदान से शुरू होकर यह रैली एन.एस.बी. रोड, सी.आर. रोड और बड़ाबाजार होते हुए नेताजी की मूर्ति के सामने समाप्त हुई। लाल झंडा लिए जुलूस के लोगों ने नारे लगाए कि पेट्रोल और डीजल की बढ़ी हुई कीमतों को वापस लेना होगा। जुलूस का नेतृत्व पार्टी नेता सुप्रिय रॉय, रुनू दत्त आदि ने किया। जुलूस के अंत में हेमंत प्रभाकर, गौरव धल्ल आदि ने भाषण दिया।

नेताओं ने कहा कि चुनावी वादे के मुताबिक पेट्रोल और डीजल के दाम कम किए जाने चाहिए। पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ने से माल ढुलाई (परिवहन) की लागत बढ़ जाती है, जिसके कारण चीजों के दाम बढ़ते हैं। हर दिन दवाओं सहित आवश्यक वस्तुओं की कीमतें बढ़ती जा रही हैं। पश्चिम बंगाल में डबल इंजन की सरकार बनने के बाद आम जनता पर बोझ बढ़ता ही जा रहा है। अगर भाजपा सरकार की नींद नहीं खुली, तो इससे भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
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साभार: गणशक्ति डिजिटल,1 जून,2026
अपलोडर: श्रेया जायसवाल
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अपलोडर: श्रेया जायसवाल • प्रकाशित: 01 जून 2026 • 1 मिनट पठन

सलीम ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस पार्टी असल में आरएसएस के इशारे पर दलाल की भूमिका निभाती आ रही है। दरअसल, इस राज्य से वामपंथी राजनीति के दायरे को सिकोड़ना ही आरएसएस का मुख्य उद्देश्य था। राज्य में आज भले ही तृणमूल कांग्रेस नहीं है, लेकिन वामपंथी आज भी मैदान में हैं और भविष्य में भी रहेंगे।
सीपीआई (एम) पश्चिम बंगाल के सचिव
17 जून 2026

"जब आग लगती है, तो वह धर्म नहीं देखती, हिंदू-मुस्लिम का भेद किए बिना सभी के घरों को जलाकर खाक कर देती है। बीजेपी की बुलडोजर राजनीति के खतरे से भी कोई नहीं बचेगा। सभी इसके शिकार होंगे। इसलिए प्रतिरोध की लड़ाई में सभी लोगों को एकजुट होना होगा।"
सीपीआई (एम) पश्चिम बंगाल के सचिव
17 जून 2026

हर उस व्यक्ति तक पहुँचना होगा जो मेहनतकश है, सताया हुआ है या प्रताड़ित है। भाजपा ने एसआईआर (SIR) के नाम पर एक बड़े वर्ग के लोगों से उनका मताधिकार छीन लिया है। इन सभी लोगों को एकजुट करना होगा। उनके मताधिकार सहित सभी नागरिक अधिकारों को वापस लाना होगा। जनता की रोटी-रोजी, स्वास्थ्य, शिक्षा, आवास और पीने के पानी जैसी स्थानीय मांगों को पूरा कराने के लिए संघर्ष करना होगा। भाजपा की विभाजनकारी राजनीति के खिलाफ एकता, भाईचारा और रोजगार के लिए लड़ना होगा। बुलडोजर राज के खिलाफ लाल झंडा पहले ही उठ खड़ा हुआ है। उन्होंने डर का माहौल बढ़ाया है, लेकिन हम चाहते हैं कि जनता का यह डर टूटे। अन्याय के खिलाफ खड़े होकर हक के लिए लड़ाई लड़ी जाएगी।
सीपीआई (एम)पश्चिम बंगाल के सचिव
14 जून 2026

केशव कुमार भट्टड़ • 13 अप्रैल 2026
श्रेया जायसवाल • 22 मई 2026

प्रश्न पूछना ही नागरिक का धर्म है- भारत का लोकतंत्र आज एक संधिकाल से गुजर रहा है। यदि सूचनाओं को छिपाकर जनता के जनादेश को बदलने का प्रयास किया जाता है, तो यह विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र के साथ सबसे बड़ा विश्वासघात होगा।
श्रेया जायसवाल • 19 अप्रैल 2026
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